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फांस का बिजली सह-स्टेशन फांस का बिजली सह-स्टेशन   (AFP or licensors)

ऊर्जा संकट में कलीसिया की पहल

ब्रिटेन की कलीसिया और परोपकारी संस्थाओं द्वारा सेवा के कार्यों की पहल जिससे सर्दी में सभों को देख-रेख की जा सके।

दिलीप संजय एक्का-वाटिकन सिटी

वाटिकन सिटी, गुरूवार, 24 नवम्बर 2022 (रेई) ब्रिटेन में कलीसिया और इसके परोपराकारी संस्थाओं ने मिलकर “गर्मजोशी से स्वागत” योजना की शुरूआत करते हुए उन लोगों की ओर सहायता के हाथ बढ़ाये हैं जो अपने रहने के गर्म स्थानों और बिलों के भुगतान में कठिनाई का अनुभव कर रहे हैं।

जैसे-जैसे ऊर्जा और लोगों के सामान्य जन जीवन में संकट के बादल घने होते दिख रहे हैं ब्रिटेन की कलीसिया, सामुदायिक संगठन, पुस्तकालय, व्यवसाय और अन्य धर्म समूह उन लोगों को एक गर्म, सुरक्षित और स्वागत योग्य स्थान प्रदान करने के लिए अपने दरवाजे खोल रहे हैं जो अपने जन सामान्य जीवन का खर्च उठाने में असमर्थ है।

“गर्म जोशी से स्वागत” परियोजना एकतावर्धक संस्थानों “कलीसिया कार्यरत” से शुरू किया गया है जिसमें बहुत से कलीसियाई परोपराकारी संघ और सामुदायिक संगठन एकजुट होकर यह कोशिश कर रहे हैं कि इस सर्दी में सभों की उचित देख-रेख की जाये।

लाखों घर गर्मविहीन स्थिति

वर्तमान आकड़ों के अनुसार करबीन 16.4 मिलियन ब्रिटेनवासी इस साल आने वाले महीनों में कड़ाके की सर्दी का सामना करेंगे वही 7 मिलियन घरों को सर्दी के महीने में घरों को गर्म रखने की सुविधा उपलब्ध प्राप्त नहीं होगी। यह आँकड़ा साल 2020 की तुलना से दोगुना है। संपर्क माध्यमों के अनुसार, हालाँकि ब्रिटिश सरकार ने ऊर्जा की बढ़ती कीमतों से बचाव के लिए समर्थन योजनाएँ शुरू की हैं, फिर भी वे बहुत से लोगों के लिए पर्याप्त नहीं हैं जो अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।

“गर्म जोशी स्वागत” परियोजना का बेवसाईट एक मानचित्र की सुविधापूर्ण सेवा प्रदान करता है जिसके अनुरूप लोग अपने निकटवर्ती स्थानों में जा सकते हैं जो अपने को गर्म रखने की सुविधा प्रदान करती है, यह संगठनों को अपने "गर्म स्थानों" को पंजीकृत करने का दिशा निर्देश भी देता है।

काथलिक धर्मप्रांतों और संगठनों एकतात्मक पहल

इस अभियान के कई पंजीकृत भागीदारों में से एक कारितास सोशल एक्शन नेटवर्क (सीएसएएन) है, जो घरेलू सामाजिक कार्रवाई के लिए इंग्लैंड और वेल की काथलिक धर्माध्यक्ष सम्मेलन (सीबीसीईडब्ल्यू) की आधिकारिक एजेंसी है, जिन्हें दूसरे धर्मप्रांतों का भी सहयोग मिल रहा है।

लिवरपूल के महाधर्मप्रांत ने घोषणा की है कि वह टीवी और वाई-फाई के उपयोग के साथ-साथ लोगों के लिए मुफ्त चाय, कॉफी और बिस्कुट का आनंद लेने के लिए अपने पल्ली केंद्र को खोल रहा है। प्रत्येक केंद्र सप्ताह के विभिन्न दिनों में दोपहर 1.00 बजे से दोपहर 3.30 बजे तक खुले रहेंगे। महाधर्मप्रांत ने अन्य सामुदायिक समूहों के साथ संपर्क करते हुए यह सुनिश्चित किया है कि लोगों को सर्दियों के महीनों में हर रोज कहीं जाने का अवसर प्राप्त होगा।

मध्य लंदन में कारितास वेस्टमिंस्टर, अपने गर्म स्थानों की पेशकश करने के इच्छुक पल्लियों और समूहों को 1,000 पाउंड सहायता राशि प्रदान कर रहा है।

अभियान को हाल ही में “द मिरर” अखबार से प्रोत्साहन मिला, जो अपने पाठकों को परियोजना के लिए धन जुटाने हेतु आमंत्रित किया है। पूर्व प्रधानमंत्री, गॉर्डन ब्राउन ने अपील का समर्थन करते हुए कहा कि वर्तमान संकट एक “नैतिक मुद्दा” है, जो सभों को जिम्मेदारी लेने का आहृवान करती है विशेष कर “उन लोगों के लिए जिनके पास सबसे कम है और जिनकी जरूरतें सबसे बड़ी हैं।” 

24 November 2022, 16:32